Gold Silver Price: ऑनलाइन उपलब्ध जानकारी के अनुसार साल 2025 सोना और चांदी में निवेश करने वालों के लिए शानदार साबित हुआ है। इस साल कीमती धातुओं ने निवेशकों को जबरदस्त रिटर्न दिया है। घरेलू बाजार में सोने की कीमतों में जहां 70% से ज्यादा की बढ़त दर्ज की गई, वहीं चांदी भी रिकॉर्ड स्तरों के आसपास बनी हुई है। हालांकि फिलहाल सोना अपने ऑल टाइम हाई से थोड़ा नीचे फिसल गया है और क्रिसमस के आसपास बाजार में कुछ उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
वर्तमान में सोने का कीमत क्या है
घरेलू बाजार में सोने के दाम अपने उच्चतम स्तर ₹1,35,590 प्रति 10 ग्राम से करीब ₹1,300 नीचे आ चुके हैं। शुक्रवार को MCX पर फरवरी गोल्ड फ्यूचर्स ₹1,34,206 पर लगभग सपाट बंद हुए।
क्रिसमस के हफ्ते में वैश्विक बाजारों में छुट्टियों की वजह से ट्रेडिंग वॉल्यूम कम रहने की उम्मीद है। 24 दिसंबर से कई इंटरनेशनल कमोडिटी मार्केट जल्दी बंद होंगे। भारत में MCX सिर्फ 25 दिसंबर को बंद रहेगा, जबकि अमेरिका के बाजार 26 दिसंबर को दोबारा खुल जाएंगे। यूरोप और कुछ एशियाई बाजारों में छुट्टियां रहने से कीमतों में हल्की अस्थिरता संभव है।
जाने एक्सपर्ट का क्या कहना है सोने के कीमतों पर
Augmont की हेड (रिसर्च) रेनिषा चैनानी के अनुसार, सोने की कीमतें फिलहाल अपने ऊंचे स्तर ₹1,35,000 के आसपास ही घूम सकती हैं। उनका मानना है कि अगर सोना इस स्तर से ऊपर या नीचे जाता है, तो 2% से 3% तक का उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। फिलहाल ऊपरी स्तर पर मजबूत रुकावट बनी हुई है। यानी, शॉर्ट टर्म में सोने में बड़ी तेजी की बजाय सीमित दायरे में कारोबार होने की संभावना है।
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चांदी के दामों में भी गिरावट
चांदी में हाल के सत्र में मुनाफावसूली देखने को मिली है। मार्च चांदी फ्यूचर्स में 0.21% यानी ₹439 प्रति किलो की गिरावट दर्ज की गई और यह ₹2,08,000 प्रति किलो पर बंद हुई। इससे पहले चांदी ने ₹2,08,603 का अब तक का उच्चतम स्तर छुआ था। एक्सपर्ट के अनुसार, ₹2,08,000 का स्तर फिलहाल चांदी के लिए अहम रुकावट बन गया है।
| धातु | महत्वपूर्ण सपोर्ट | महत्वपूर्ण रेजिस्टेंस |
|---|---|---|
| सोना | ₹1,32,000 के आसपास | ₹1,35,000 |
| चांदी | ₹1,94,000 | ₹2,18,000 / ₹2,24,000 |
आगे सोने चांदी के भाव में क्या होगा
सोने और चांदी को आगे कुछ फैक्टर्स से सपोर्ट मिल सकता है, जैसे की अगर अमेरिका और वेनेजुएला के बीच बढ़ता भू-राजनीतिक तनाव हुस तो औद्योगिक और निवेश मांग में मजबूती आएगी और बैंक ऑफ जापान द्वारा 0.75 बीपीएस की ब्याज दर बढ़ोतरी होगी और इन कारणों से कीमती धातुओं में गिरावट सीमित रह सकती है।
क्रिसमस के आसपास बाजार में सुस्ती के चलते सोना और चांदी में हल्का उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। हालांकि, लंबी अवधि के नजरिए से दोनों धातुओं का रुझान अब भी मजबूत बना हुआ है। निवेशकों के लिए यह समय सतर्कता के साथ बाजार पर नजर बनाए रखने का है, खासकर जब कीमतें अपने रिकॉर्ड स्तरों के आसपास बनी हुई हैं।